महिला ने लगाया कब्जे और गलत सीमांकन का आरोप, 3 साल से भटक रही न्याय के लिए
भारत सागर न्यूज/देवास। जिले के टोंकखुर्द तहसील अंतर्गत ग्राम धतुरिया की एक 63 वर्षीय महिला किसान ने पड़ोसी कृषकों पर उसकी जमीन और ट्यूबवेल पर कब्जा करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता ने कलेक्टर से शिकायत कर निष्पक्ष जांच और पुनः सीमांकन की मांग की है।
प्रार्थी श्रीमती बसकन्या बाई के अनुसार, उन्होंने वर्ष 2017 में ग्राम पालड़ी स्थित सर्वे नंबर 54/2 की 0.30 हेक्टेयर भूमि खरीदी थी, जिस पर उनका पिछले 8 वर्षों से कब्जा है। इससे पूर्व विक्रेता का भी इस भूमि पर लगभग 40 वर्षों से कब्जा रहा है।
महिला का कहना है कि पड़ोसी कृषक बद्रीलाल ने अपने भाइयों के साथ मिलकर गलत तरीके से सीमांकन करवा लिया और अतिरिक्त भूमि अपने पक्ष में दर्शाकर उसकी जमीन पर अतिक्रमण करने का प्रयास किया जा रहा है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि राजस्व अधिकारियों से कथित सांठगांठ कर सीमांकन में हेरफेर किया गया, जिससे पड़ोसी पक्ष के खातों में जमीन का रकबा अधिक दर्शाया जा रहा है।
वहीं महिला की जमीन का नक्शा रिकॉर्ड में छोटा होने से उसका वास्तविक क्षेत्रफल कम दिखाया जा रहा है। महिला ने यह भी बताया कि उसने 8 मई 2024 को सीमांकन के लिए आवेदन दिया था, लेकिन लगभग दो वर्ष बीत जाने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। इतना ही नहीं, उसे आवेदन की प्राप्ति रसीद तक नहीं दी गई।
इसके बाद मामले में राजस्व न्यायालय में प्रकरण चला, जिसमें पूर्व सीमांकन को निरस्त कर पुनः सीमांकन के निर्देश दिए गए थे। कलेक्टर के निर्देश पर गठित एक राजस्व दल द्वारा मई 2025 में सीमांकन किया गया, जिसे सही बताया गया था। हालांकि, बाद में पुनः शिकायत कर नया सीमांकन कराया गया, जिसे महिला ने गलत बताते हुए आरोप लगाया कि इसमें बिना नोटिस दिए एकतरफा कार्रवाई की गई और उसकी आपत्ति तक दर्ज नहीं की गई।
पीड़िता का कहना है कि पड़ोसी पक्ष के नक्शों में गड़बड़ी के कारण बार-बार गलत नपती हो रही है, जिससे उसे लगातार परेशान किया जा रहा है। महिला ने स्वयं को निरक्षर बताते हुए कहा कि इसी कमजोरी का फायदा उठाकर उसकी जमीन हड़पने की कोशिश की जा रही है। श्रीमती बसकन्या बाई ने कलेक्टर से मांग की है कि एक संयुक्त राजस्व दल गठित कर सभी संबंधित सर्वे नंबरों की निष्पक्ष जांच करवाई जाए और सही सीमांकन सुनिश्चित किया जाए, ताकि उसे न्याय मिल सके।






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