आस्था का अद्वितीय संकल्प: ठाकुर ने पैदल शुरू की अमरनाथ यात्रा।

 

भारत सागर न्यूज/देवास।  जय बाबा बर्फानी, बम-बम भोले के जयकारों के साथ शहर के शिवभक्त और मां शिव शक्ति सेवा मंडल के सक्रिय सदस्य  आनंद सिंह ठाकुर इस वर्ष अमरनाथ यात्रा के लिए पैदल रवाना हुए हैं। वर्ष 1996 से लगातार अमरनाथ यात्रा कर रहे  ठाकुर का यह 29वां वर्ष है। आस्था और संकल्प के साथ उन्होंने यह कठिन यात्रा प्रारंभ की है, जो अगस्त के अंत तक पूरी होगी।




आनंद सिंह ठाकुर ने अब तक चार बार मोटरसाइकिल, एक बार साइकिल, ट्रेन, हवाई जहाज और अन्य चार पहिया वाहनों से अमरनाथ यात्रा की है, लेकिन इस बार उन्होंने यात्रा को पूरी तरह पैदल तय करने का संकल्प लिया है। अमरनाथ यात्रा के दो प्रमुख मार्ग हैं — पहलगाम (48 किमी) और बालटाल (14 किमी)। अधिकतर यात्री इन मार्गों पर खच्चर, पालकी या अन्य साधनों का उपयोग करते हैं, लेकिन आनंद सिंह ठाकुर हर बार इन मार्गों को पैदल ही तय करते हैं।




श्रद्धा के इस सफर में उन्होंने कई कठिन परिस्थितियों का सामना किया है। एक बार जब यात्रा के दौरान आतंकी हमला हुआ था, तब वे वहीं मौजूद थे। सेना और आतंकियों के बीच मुठभेड़ के बावजूद उन्होंने साहस नहीं खोया और यात्रा जारी रखी। 

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इसी प्रकार कोरोना महामारी के समय वर्ष 2020 और 2021 में जब यात्रा पर कई पाबंदियां थीं, तब भी उन्होंने यात्रा का प्रयास किया। वर्ष 2020 में वे पठानकोट तक और 2021 में बालटाल तक पहुंचे, जबकि 2022 में उन्होंने पूरी यात्रा सफलतापूर्वक पूर्ण की।




यात्रा के दौरा ठाकुर न केवल स्वयं की आस्था निभाते हैं, बल्कि अन्य श्रद्धालुओं की हरसंभव सहायता भी करते हैं — चाहे भोजन की व्यवस्था हो, दवाई की ज़रूरत या मार्गदर्शन। सेवा, समर्पण और साहस का यह संगम उन्हें न केवल एक भक्त, बल्कि एक सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में भी स्थापित करता है।

आनंद सिंह ठाकुर का कहना है कि जब तक शरीर साथ देगा और सांसें चलेंगी, वे हर वर्ष बाबा अमरनाथ की यात्रा करते रहेंगे। उनकी यह निष्ठा और समर्पण हर श्रद्धालु के लिए प्रेरणा का स्रोत है।

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