500 साल पुराना शिवधाम… क्या वाकई गुफा से आते थे सम्राट विक्रमादित्य?
भारत सागर न्यूज/खचरोद(संजय शर्मा94248 50595) । प्राचीन शिव मंदिर, उज्जैन से लगभग 60 किलोमीटर दूर स्थित खाचरोद तहसील के विक्रमपुर गांव में एक ऐसा प्राचीन शिव मंदिर स्थित है, जिसकी आस्था और मान्यता राजा विक्रमादित्य से जुड़ी हुई है।
कहा जाता है कि इस मंदिर का निर्माण उज्जैन के सम्राट विक्रमादित्य ने 500 साल पहले करवाया था। मान्यता है कि विक्रमादित्य स्वयं उज्जैन से गुफा मार्ग के जरिए इस मंदिर में आकर भगवान शिव की पूजा करते थे।
मंदिर का गर्भगृह अत्यंत प्राचीन और आस्था का केंद्र है। सावन के पावन महीने में यहां दूर-दूर से श्रद्धालु कावड़ लेकर पहुंचते हैं और शिवलिंग पर जल अर्पित करते हैं।
भक्तों की भारी भीड़ और आस्था का अद्भुत संगम यहां सावन भर देखा जाता है। स्थानीय ग्रामीणों के सहयोग से हर वर्ष पूरे सावन मास में भंडारे का आयोजन किया जाता है,
यह भी पढ़ें - बम-बम भोले के जयघोष के बीच कावड़ियों का पुष्पवर्षा से स्वागत।
जिससे यहां आने वाले श्रद्धालुओं को भोजन प्रसाद प्राप्त होता है। मंदिर की ऐतिहासिकता, धार्मिक महत्ता और भक्तों की गहरी आस्था इसे एक विशेष तीर्थस्थल बनाती है।
Comments
Post a Comment