अतिक्रमण हटाकर बना ‘ड्रीम प्रोजेक्ट’ ? अब बिखरी व्यवस्थाओं को समेटने में जुटा निगम !
देवास। एमजी रोड चौड़ीकरण को शहर का ‘ड्रीम प्रोजेक्ट’ बताया गया था। ड्रीम प्रोजेक्ट के नाम पर सड़क किनारे से अतिक्रमण हटवाया गया, व्यापारियों से सहयोग की अपील हुई और कई जगह फूल देकर खुद अतिक्रमण हटाने का आग्रह भी किया गया। कार्रवाई के बाद बाजार की तस्वीर पूरे शहर ने देखी, लेकिन इसके बाद सड़क, यातायात और निर्माण कार्यों की अव्यवस्था ने व्यापारियों और आम लोगों की परेशानी जरूर बढ़ा दी। अब हालात को पटरी पर लाने के लिए नगर निगम निर्माण कार्यों की रफ्तार बढ़ाने में जुट गया है।
आज नगर निगम आयुक्त दलीप कुमार ने एमजी रोड चौड़ीकरण के चल रहे कार्यों का औचक निरीक्षण किया। नावेल्टी चौराहे से पीपल चौक तक निरीक्षण के दौरान पानी की लाइन, इलेक्ट्रिक लाइन और सीवरेज लाइन के कार्यों की स्थिति देखी गई। आयुक्त ने पानी की लाइन को एक साइड शिफ्ट करने के साथ ही चेंबर निर्माण में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सीसी रोड बनने से पहले चेंबर निर्माण, लाइन शिफ्टिंग और पेयजल कनेक्शन जैसे जरूरी कार्य पूरे किए जाएं, ताकि बाद में नई सड़क को दोबारा खोदने की नौबत न आए।
यानी पहले अतिक्रमण हटाओ, फिर सड़क खोदो और अब काम जल्द पूरा कराने के लिए दो शिफ्ट लगाओ ड्रीम प्रोजेक्ट की मौजूदा तस्वीर कुछ ऐसी ही नजर आ रही है। आयुक्त ने निर्माण एजेंसी के पदाधिकारियों को अतिरिक्त संसाधन और मैनपावर बढ़ाकर दोनों शिफ्ट में काम करने के निर्देश दिए।
इसके बाद आयुक्त ने बीमा रोड पर गजरा गियर्स चौराहे से बीएनपी गेट तक चल रहे सीसी रोड, सड़क चौड़ीकरण, पाथवे और सर्विस रोड निर्माण का भी निरीक्षण किया। सीसी रोड के लिए किए जा रहे भराव में पानी डालकर उचित रोलिंग और कम्प्रेशन करने के निर्देश दिए गए। पानी की लाइन को व्यवस्थित तरीके से एक तरफ डालकर प्रॉपर कम्प्रेशन करने को कहा गया, ताकि भविष्य में लाइन में सुधार या मरम्मत की जरूरत पड़े तो बनी-बनाई सीसी सड़क को दोबारा तोड़ने की स्थिति न बने। गजरा गियर्स चौराहे से बीएनपी गेट तक काम की धीमी गति पर आयुक्त ने निर्माण एजेंसी के इंजीनियर से नाराजगी भी जताई। पूर्व निर्धारित समय सीमा में अपेक्षित प्रगति नहीं होने पर उन्होंने संसाधन और मैनपावर बढ़ाने के साथ दोनों शिफ्ट में काम करने के सख्त निर्देश दिए।
अब शहरवासियों और व्यापारियों की नजर इस बात पर है कि जिस प्रोजेक्ट के लिए पहले बाजार का अतिक्रमण हटाया गया, वह आखिर कब पूरी तरह जमीन पर उतरता है। फिलहाल औचक निरीक्षण के बाद काम में तेजी लाने के निर्देश जरूर दिए गए हैं, लेकिन ड्रीम प्रोजेक्ट की असली तस्वीर तब सामने आएगी, जब सड़क, पाथवे, सर्विस रोड और अन्य व्यवस्थाएं पूरी होकर शहरवासियों को राहत मिल पाएगी।


Comments
Post a Comment